देवरिया: काव्य गोष्ठी में गूँजी नारी शक्ति की आवाज, कवयित्रियों ने रचनाओं से समाज को दिखाया आईना

अरविंद शर्मा जिला ब्यूरो चीफ नज़र इंडिया 24
देवरिया, उत्तर प्रदेश। जनपद के कतरारी क्षेत्र में ‘महिला सशक्तिकरण दिवस’ के उपलक्ष्य में 15 मार्च को साहित्य और संवेदना का अनूठा संगम देखने को मिला। शक्ति सदन फाउंडेशन के तत्वावधान में आयोजित भव्य काव्य गोष्ठी ने न केवल महिलाओं के संघर्षों को स्वर दिया, बल्कि समाज में उनके अमूल्य योगदान को भी पुरजोर तरीके से रेखांकित किया।
फाउंडेशन की अध्यक्ष डॉ. रीना मिश्रा के निजी आवास पर आयोजित इस कार्यक्रम में जनपद व दूर-दराज से आए रचनाकारों ने अपनी लेखनी के माध्यम से नारी शक्ति के विभिन्न आयामों को प्रस्तुत किया। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। प्रार्थना राय की मधुर सरस्वती वंदना ने वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया, जिसके बाद सुनीता सिंह ‘सरोवर’ ने स्वागत गीत के माध्यम से अतिथियों का अभिनंदन किया।
गोष्ठी के दौरान कवयित्रियों ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। सुनीता सिंह ‘सरोवर’ ने महिलाओं के जीवन के विविध रंगों और उनके संघर्षपूर्ण सफर पर प्रकाश डाला। वहीं, अंजलि अरोड़ा ‘खुशबू’ ने गजलों के माध्यम से समाज निर्माण में महिलाओं की अपरिहार्य भूमिका को खूबसूरती से पेश किया।
कार्यक्रम का सबसे भावुक क्षण तब आया जब कवयित्री पार्वती देवी ने अपनी कविता के माध्यम से बचपन में लड़कियों के साथ होने वाले भेदभाव और वर्तमान सामाजिक विसंगतियों पर प्रहार किया। उनकी मार्मिक पंक्तियों ने श्रोताओं की आँखें नम कर दीं। इसके पश्चात, डॉ. रीना मिश्रा ने ‘होली विशेषांक’ के अंतर्गत बसंत ऋतु पर काव्य पाठ कर माहौल में उत्साह भर दिया।
इस कड़ी में कवयित्री वंदना मिश्रा, कीर्ति त्रिपाठी, प्रीति पांडे, क्षमा श्रीवास्तव, रंजीत श्रीवास्तव, सीमा नयन और श्वेता पाण्डेय सहित अनेक रचनाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से अमिट छाप छोड़ी। कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ प्रवक्ता मार्कण्डेय मिश्र ने की, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रो. (से.नि.) शकुंतला दीक्षित सहित अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।
मंच का कुशल संचालन सौदागर सिंह ने किया। नागरी प्रचारिणी देवरिया के मंत्री डॉ. अनिल कुमार त्रिपाठी ने आगतुकों के प्रति आभार व्यक्त किया।
डॉ. रीना मिश्रा ने बताया कि संस्था का मुख्य उद्देश्य महिलाओं की आवाज को सशक्त मंच प्रदान करना है। इस अवसर पर देवरिया की प्रखर महिला रचनाकारों को ‘नारी शक्ति सम्मान’ से विभूषित किया गया। यह सम्मान उन साहित्यिक प्रतिभाओं को दिया गया जिन्होंने अपनी लेखनी से समाज में चेतना जगाने का कार्य किया है। अंत में आयोजकों ने सभी का धन्यवाद ज्ञापित कर कार्यक्रम का समापन किया।



