मुस्कुराइए – नीलम सोनी फॉर्म ब्यावर

मुस्कुराइए – नीलम सोनी फॉर्म ब्यावर
भगवान ने ये गुण कला केवल इंसानों में दी है। जब भी मौका मिले अपने चेहरे मुस्कराहट रखे।
अगर आप एक अध्यापक हैं और जब आप मुस्कुराते हुए कक्षा में प्रवेश करेंगे तो देखिये सारे बच्चों के चेहरों पर मुस्कान छा जाएगी
मुस्कुराइए
अगर आप डॉक्टर हैं और मुस्कराते हुए मरीज का इलाज करेंगे तो मरीज का आत्मविश्वास दोगुना हो जायेगा*ल
*मुस्कुराइए*
*अगर आप एक ग्रहणी है तो मुस्कुराते हुए घर का हर काम किजिये फिर देखना पूरे परिवार में खुशियों का माहौल बन जायेगा*
*मुस्कुराइए*
*अगर आप घर के मुखिया है तो मुस्कुराते हुए शाम को घर में घुसेंगे तो देखना पूरे परिवार में खुशियों का माहौल बन जायेगा*
*मुस्कुराइए*
*अगर आप एक बिजनेसमैन हैं और आप खुश होकर कंपनी में घुसते हैं तो देखिये सारे कर्मचारियों के मन का प्रेशर कम हो जायेगा और माहौल खुशनुमा हो जायेगा*
*मुस्कुराइए*
*अगर आप दुकानदार हैं और मुस्कुराकर अपने ग्राहक का सम्मान करेंगे तो ग्राहक खुश होकर आपकी दुकान से ही सामान लेगा*
*मुस्कुराइए*
*कभी सड़क पर चलते हुए अनजान आदमी को देखकर मुस्कुराएं, देखिये उसके चेहरे पर भी मुस्कान आ जाएगी*
*मुस्कुराइए*
*क्यूंकि मुस्कराहट के पैसे नहीं लगते ये तो ख़ुशी और संपन्नता की पहचान है*
*मुस्कुराइए*
*क्यूंकि आपकी मुस्कराहट कई चेहरों पर मुस्कान लाएगी*
*मुस्कुराइए*
*क्यूंकि ये जीवन आपको दोबारा नहीं मिलेगा*
*मुस्कुराइए*
*क्योंकि क्रोध में दिया गया आशीर्वाद भी बुरा लगता है और मुस्कुराकर कहे गए बुरे शब्द भी अच्छे लगते हैं*
*मुस्कुराइए*
*क्योंकि दुनिया का हर आदमी खिले फूलों और खिले चेहरों को पसंद करता है*
*मुस्कुराइए*
*क्योंकि आपकी हँसी किसी की ख़ुशी का कारण बन सकती है*
*मुस्कुराइए*
*क्योंकि परिवार में रिश्ते तभी तक कायम रह पाते हैं जब तक हम एक दूसरे को देख कर मुस्कुराते रहते है*
*और सबसे बड़ी बात*
मुस्कुराइए
*क्योंकि यह मनुष्य होने की पहचान है। एक पशु कभी भी मुस्कुरा नही सकता*
*इसलिए स्वयं भी मुस्कुराए और औरों के चहरे पर भी मुस्कुराहट लाइए*
*मुस्कुराइए क्योंकि यही जीवन है*
*उदास और कद्दू जैसी शक्ल आपके साथ साथ दूसरों का भी मन खराब और बेचैन करती है इसलिए*
*मुस्कुराते रहो खुशी लेते रहो देते रहो।इसी का नाम जिंदगी हैं नीलम सोनी फॉर्म ब्यावर




