सीतामढ़ी में अंतर्राष्ट्रीय कवयित्री सम्मेलन एवं काव्य महोत्सव का भव्य आयोजन

सीतामढ़ी, बिहार। सीता माता की पावन जन्मस्थली सीतामढ़ी में रविवार, 29 मार्च को न्यास भारती सेवा समिति के तत्वावधान में शहर के रघुलीला रिसोर्ट में अंतरराष्ट्रीय सीतामढ़ी काव्य महोत्सव 2026 के अंतर्गत अंतर्राष्ट्रीय कवयित्री सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की संयोजिका एवं प्रख्यात कवयित्री प्रीति सुमन द्वारा रचित नाट्य संग्रह “अतिथि देवो भव:” एवं “राजमहल की अंतिम रात” का विधिवत विमोचन किया गया। यह समारोह महोत्सव का मुख्य आकर्षण रहा। इस अवसर पर मुख्य अतिथि माननीय विधायक श्री राणा रणधीर (मधुबन) सहित भारत एवं नेपाल के प्रसिद्ध नाटककार अखौरी चंद्रशेखर (हाजीपुर), रामचंद्र महतो कुशवाहा (नेपाल), अमिताभ कुमार सिन्हा (दरभंगा), प्रसाद रत्नेश्वर (मोतिहारी), रामबाबू नीरव (पुपरी), संजय साह मित्र (नेपाल), कुमार विरल (मुजफ्फरपुर), प्रमोद कुमार प्रियदर्शी (सीतामढ़ी), राजेंद्र साहनी (सीतामढ़ी), प्रतिभा परासर (हाजीपुर), कुमार वीर भूषण (हाजीपुर), डॉ. इंदु कुमारी एवं श्री राम शरण अग्रवाल ने संयुक्त रूप से पुस्तक का लोकार्पण किया।
लोकार्पण के उपरांत सभी चयनित नाटककारों को साहित्य के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान हेतु ‘वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. इंदल सिंह नवीन साहित्य-सेवी सम्मान’ से सम्मानित किया गया। स्मृतिशेष शंभू अगेही (दरभंगा) को प्रदान किया गया सम्मान उनके पुत्र श्री अमिताभ कुमार सिन्हा ने ग्रहण किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ गणेश वंदना पर आधारित मनमोहक कथक नृत्य से हुआ। इसके उपरांत कार्यक्रम को दो सत्रों में विभाजित करते हुए कवयित्रियों के काव्य पाठ का आयोजन किया गया। प्रथम सत्र की शुरुआत समस्तीपुर से आई प्रख्यात कवयित्री शेफालिका झा द्वारा सरस्वती वंदना से हुई। इसके बाद विभिन्न कवयित्रियों ने अपनी उत्कृष्ट कविताओं, गीतों एवं ग़ज़लों से श्रोताओं को भावविभोर कर दिया।
कार्यक्रम में वाराणसी से सरस्वती सिंह ‘सरस’, नेपाल से रेखा कुमारी राय, रांची से रजनी शर्मा, बोकारो से रीना यादव, पटना से रूबी भूषण एवं विद्या चौधरी, मुजफ्फरपुर से लता सिन्हा, हेमा सिंह, पुष्पा गुप्ता, समस्तीपुर से शेफालिका झा, रंजन लता, अर्चना चौधरी तथा सहरसा से डॉ. प्रियंका झा सहित अनेक प्रतिष्ठित कवयित्रियों ने भाग लिया।
काव्य पाठ के दौरान सीता-राम के प्रेम एवं विरह, नारी शक्ति तथा समसामयिक विषयों पर आधारित रचनाओं ने श्रोताओं का मन मोह लिया। विशेष रूप से डॉ. प्रियंका झा द्वारा प्रस्तुत ऑपरेशन सिंदूर पर आधारित गीत ने देशभक्ति की भावना को प्रखर करते हुए पूरे वातावरण को “वंदे मातरम्” के उद्घोष से गुंजायमान कर दिया।
इस अवसर पर जिले के कई प्रशासनिक अधिकारी एवं प्रबुद्ध साहित्यकार उपस्थित रहे। मुख्य अतिथि विधायक श्री राणा रणधीर ने सभी कवयित्रियों एवं साहित्यकारों को सम्मानित किया।
यह आयोजन साहित्य एवं संस्कृति के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक एवं स्मरणीय उपलब्धि के रूप में उभरकर सामने आया, जिसकी उपस्थित जनसमूह ने मुक्तकंठ से सराहना की।



