51 कुंडीय महायज्ञ में गूंजे वैदिक मंत्र, 51 जोड़ों ने दी दो लाख आहुतियां
9 अप्रैल तक चलने वाले सप्त दिवसीय रुद्र महायज्ञ में कुल 21 लाख आहुतियों का लक्ष्य

डॉ अमर सिंह धाकड़ की रिपोर्ट
जयपुर। मानसारामपुरा स्थित श्री श्री 1008 श्री बहादुर पुरी महाराज आश्रम में आयोजित सप्त दिवसीय रुद्र महायज्ञ के अंतर्गत रविवार को भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत संगम देखने को मिला। महायज्ञ में 51 जोड़ों ने 51 कुंडों में विधिपूर्वक रुद्र स्वाहा एवं शिव सहस्त्रनामावली के साथ लगभग दो लाख आहुतियां अर्पित कीं।
यज्ञ आचार्य पंडित लीलाधर शास्त्री के सानिध्य में उप आचार्य पंडित दिनेश शर्मा, अन्नु महाराज एवं अन्य विद्वान पंडितों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ नित्य पूजन एवं हवन संपन्न कराया जा रहा है। पूरे वातावरण में वैदिक ध्वनि और आस्था का भाव व्याप्त रहा। इस अवसर पर हवामहल विधायक एवं हाथोज धाम के महंत स्वामी बालमुकुंदाचार्य महाराज, छोटी-बड़ी डूंगरी के हीरापुरी महाराज, नरसिंहपुरी एवं मंगलपुरी महाराज सहित कई संत-महात्माओं ने पधारकर श्रद्धालुओं को आशीर्वाद प्रदान किया। कार्यक्रम में राजू संत द्वारा सभी संतों एवं अतिथियों का शाल एवं श्रीफल भेंटकर स्वागत किया गया। यज्ञ आयोजन समिति के अनुसार यह महायज्ञ 9 अप्रैल 2026 तक चलेगा, जिसमें पूर्णाहुति तक कुल 21 लाख आहुतियां दी जाएंगी। यज्ञ को सफल बनाने में कार्यकर्ताओं ने तन, मन और धन से समर्पित होकर सहयोग दिया है।




