कल्पकथा सम्मान समारोह जनवरी २०२६ में देश भर के विद्वान साहित्यकार सम्मानित।
ज्योति प्यासी को कल्प शिल्प भूषण, भास्कर सिंह माणिक को कल्प संवाद कौशल, विजय रघुनाथराव डांगे को स्वर संगीत सम्मान- कल्पकथा परिवार।

प्रभु श्री राधा गोपीनाथ जी महाराज की कृपा से संचालित कल्पकथा साहित्य संस्था परिवार की संवाद प्रभारी ज्योति राघव सिंह ने बताया कि जनवरी २०२६ मासिक सम्मान समारोह में कल्पकथा परिवार ने विविध विधाओं में विद्वान रचनाकारों को सम्मानित किया।
डॉ. गजेंद्र हरिहारनों दीप की अध्यक्षता और वरिष्ठ पत्रकार, ज्योतिषाचार्य डॉ धनंजय मणि त्रिपाठी जी कुशीनगर उप्र के मुख्यातिथ्य के कार्यक्रम का कल्पकथा साहित्य संस्था के यूट्यूब चैनल पर सीधा प्रसारण किया गया जिसमें देश भर के साहित्य प्रेमीजनों की गरिमामय उपस्थिति रही।
पवनेश मिश्र के संचालन के आयोजन में डॉ कर्नल आदि शंकर मिश्र आदित्य जी को साप्ताहिक आमंत्रण विशेष कल्प सृजन भूषण सम्मान, डॉ श्रीमती अंजू सेमवाल को काव्य गोष्ठी विशेष कल्प कवि कुल कलश सम्मान, सुजीत कुमार पाण्डेय को कल्प संवादकुंज विशेष कल्प वैचारिक शिखर सम्मान, भास्कर सिंह माणिक को मंच संचालन विशेष कल्प संवाद कौशल सम्मान, विजय रघुनाथराव डांगे को स्वर संगीत सम्मान, एवं ज्योति प्यासी को समग्र विशेष कल्प शिल्प विभूषण सम्मान से सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के अंत में आमंत्रित अतिथियों, सहभागी साहित्यकारों, एवं दर्शकों का आभार प्रकट करते हुए कल्पकथा संस्थापक दीदी राधा श्री शर्मा सभी साहित्य सुधिजनों से राष्ट्र प्रथम, हिन्दी भाषा, सनातन संस्कृति एवं सद साहित्य की सेवा हेतु प्रतिबद्ध रहने का आवाह्न किया।
अंत में कल्पकथा साहित्य संस्था परिवार द्वारा देश प्रेम की भाव धारा को समर्पित राष्ट्रगीत वन्दे मातरम के १५०वैं स्मरणोत्सव वर्ष में अमर बलिदानियों के सम्मान में वन्देमातरम गायन हुआ।



