बाल विद्या मंदिर, मंगल नगर बभना में वार्षिकोत्सव सह सम्मान समारोह धूमधाम से सम्पन्न

अनिल कुमार गुप्ता जहानाबाद
बाल विद्या मंदिर, मंगल नगर बभना में वार्षिकोत्सव सह सम्मान समारोह बड़े ही हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ पूर्व सांसद डॉ अरुण कुमार, पूर्व बिहार विधान परिषद सदस्य अजय अलमस्त, गया डिवीजन के आईपीएस अधिकारी अंशुमान तथा मंच पर उपस्थित अन्य विशिष्ट अतिथियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया। दीप प्रज्वलन के साथ ही पूरा प्रांगण तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा
कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय के नन्हें-मुन्ने बच्चों द्वारा आकर्षक स्वागत नृत्य से की गई, जिसने सभी अतिथियों एवं अभिभावकों का मन मोह लिया। रंग-बिरंगे परिधानों में सजे बच्चों ने अपनी प्रस्तुति से कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए।
पूर्व सांसद डॉ. अरुण कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि “विद्यालय केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि संस्कार और व्यक्तित्व निर्माण की प्रयोगशाला है।” उन्होंने विद्यालय की शैक्षणिक उपलब्धियों की सराहना करते हुए छात्रों को अनुशासन, परिश्रम और लक्ष्य के प्रति समर्पण का संदेश दिया।
पूर्व विधान परिषद सदस्य अजय अलमस्त ने विद्यालय परिवार को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में इस प्रकार के उत्कृष्ट शैक्षणिक आयोजन समाज के विकास का आधार हैं। उन्होंने बच्चों को जीवन में सकारात्मक सोच और निरंतर प्रयास की प्रेरणा दी।
गया डिवीजन के आईपीएस अधिकारी अंशुमान ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। उन्होंने अनुशासन, मेहनत और माता-पिता व गुरुजनों के सम्मान को सफलता की कुंजी बताया।
विद्यालय के चेयरमैन ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विद्यालय का उद्देश्य बच्चों को आधुनिक शिक्षा के साथ नैतिक मूल्यों से जोड़ना है।
विद्यालय के डायरेक्टर अमृत नारायण ने अपने संबोधन में विद्यालय के भविष्य के विजन को साझा किया। उन्होंने बताया कि विद्यालय डिजिटल शिक्षा, खेलकूद एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों को और सशक्त बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रहा है।
विद्यालय की प्राचार्या ने पूरे वर्ष की शैक्षणिक, खेलकूद एवं सांस्कृतिक उपलब्धियों का विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बोर्ड परीक्षा परिणाम, विभिन्न प्रतियोगिताओं में सफलता तथा अनुशासनात्मक उपलब्धियों की जानकारी दी।
*रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति*
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों द्वारा देशभक्ति गीत, समूह नृत्य, नाटक एवं लोकनृत्य जैसी कई मनमोहक प्रस्तुतियाँ दी गईं। प्रत्येक प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया और तालियों की गूंज से सभागार भर उठा। *खेल प्रतिभाओं का सम्मान
वार्षिक खेल प्रतियोगिता* (Annual Sports) में विजेता टीमों को मुख्य अतिथियों द्वारा ट्रॉफी एवं मेडल प्रदान कर सम्मानित किया गया। विजेता खिलाड़ियों के चेहरे पर गर्व और खुशी साफ झलक रही थी।
इसके अतिरिक्त विद्यालय के निदेशक द्वारा विशिष्ट अतिथियों को अंगवस्त्र एवं मेमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। इस भव्य आयोजन ने यह सिद्ध कर दिया कि बाल विद्या मंदिर न केवल शिक्षा बल्कि संस्कार, संस्कृति और खेल प्रतिभाओं को भी समान महत्व देता है। पूरे आयोजन में अनुशासन, उत्साह और गरिमा का अद्भुत संगम देखने को मिला।
यह वार्षिकोत्सव विद्यालय के उज्ज्वल भविष्य की ओर एक सशक्त कदम साबित हुआ।




